महाशिवरात्रि 2019: बिल्व पत्र भगवान शिव पर क्यों चढ़ाते हैं

हमारे देश में पूजा लगभग सभी लोग करते हैं, सभी लोगों के कोई न कोई ईष्ट भगवान होते हैं, कुछ लोग भगवान विष्णु की पूजा अराधना करते हैं, तो वहीं कुछ लोग भगवान शंकर के भक्त होते हैं| बता दें, कि भगवान शंकर ऐसे भगवान है, जो अपने भक्तों की मनोकामना जल्दी पूरा करते हैं, क्योंकि भगवान शिव जल्द प्रसन्न होने वाले देवताओं में से एक हैं।

ज्योतिष के जानकारों के अनुसार, भगवान शिव के पूजन में बिल्व पत्र का विशेष महत्व होता है, क्योंकि भगवान शिव को बिल्व पत्र बहुत प्रिय हैं| भगवान शिव की थोड़ी सी ही पूजा करने पर शिव बहुत-बड़ा फल प्रदान करते हैं। जानकारों के अनुसार, जिस घर में बिल्व पत्र का वृक्ष लगा होता है, उस घर में भगवान शिव हमेशा अपनी कृपा बनाये रखते हैं|

महाशिवरात्रि 2019:

इस बार महाशिवरात्रि 4 मार्च को मनाई जायेगी| शिवरात्रि वाले दिन भगवान शिव के शिवलिंग पर बिल्व पत्र जरुर चढ़ाना चाहिए| शिवरात्रि वाले दिन भगवान शिव पर बिल्व पत्र चढ़ाने से भगवान शिव प्रसन्न हो जाते हैं, और आप जो वरदान मांगेंगे उसे जल्द पूरा करते है।

बिल्व पत्र का महत्व

बिल्व पत्र में तीन पत्तियां एक साथ जुड़ी हुई होती हैं, लेकिन इन तीन पत्तियों के जुड़े होंने से वह एक ही पत्ती मानी जाती है| भगवान शिव की पूजा में ही बिल्व पत्र चढ़ाए जाते हैं, जब तक शिवलिंग पर बिल्व पत्र नहीं चढ़ाये जाते हैं तब तक शिव की पूजा अधूरी मानी जाती हैं |

शिवलिंग पर बिल्व पत्र चढ़ाने से मिलते हैं लाभ

शादी में देरी

यदि आपकी शादी को लेकर सब लोग परेशान हैं, और आपका रिश्ता कहीं तय नहीं हो रहा है, तो इसके लिए आप केवल 108 बिल्व पत्र लेकर और प्रत्येक पत्र पर चंदन से’राम’लिख लें और ॐ नम: शिवाय का जाप करते हुए एक-एक बिल्व पत्र को शिवलिंग पर चढ़ा दें | इससे भगवान शिव प्रसन्न हो जाते हैं, और आपकी मनोकामना को पूरा करते हैं |

गंभीर बीमारियों से छुटकारा

इसके लिए आप 108 बिल्व पत्र लेकर और चंदन में भिगोकर शिवलिंग पर ॐ हौं जूं स: का जाप करते हुए चढ़ाएं|