अयोध्या मामले में सुप्रीम कोर्ट के चीफ जस्टिस का बड़ा बयान, 18 अक्टूबर तक सुनवाई पूरी होने की उम्मीद

अयोध्या मामले में अब सुप्रीम कोर्ट के चीफ जस्टिस का बड़ा बयान सामने आया है, जिससे उम्मीद की जा सकती हैं कि, अब यह मामला जल्द ही खत्म हो जाएगा| हिंदू पक्ष की सुनवाई के बाद अब मुस्लिम पक्ष की जिरह भी जल्द ही पूरी होने वाली है| मीडिया के अनुसार 18 अक्टूबर तक अयोध्या मामले की सुनवाई पूरी हो सकती है और जल्द ही इस मामले में कोई बड़ा फैसला आ सकता है|’

इसे भी पढ़े: अयोध्या विवाद: मध्यस्थता की कोशिश फेल, सुप्रीम कोर्ट ने कहा – 6 अगस्त से रोजाना होगी सुनवाई

राम जन्मभूमि और बाबरी मस्जिद प्रॉपर्टी विवाद में सुनवाई करते हुए सुप्रीम कोर्ट के चीफ जस्टिस रंजन गोगोई संकेत दिए हैं जिससे अनुमान लगाया जा रहा है कि, इस मामले का फैसला नवंबर से पहले आ सकता है|

सुनवाई के दौरान चीफ जस्टिस ने सभी पक्षों से पूछा कि, वो कितने-कितने दिन में अपनी बहस पूरी कर लेंगे| वहीं संविधान पीठ की अध्यक्षता कर रहे चीफ जस्टिस रंजन गोगोई ने कहा कि, ‘अगर एक बार सभी पक्ष ये बता देते है कि वो कितना समय लेंगे तो हमें भी पता चल जाएगा कि फैसला लिखने के लिए कितना समय मिलेगा|’

जानकारी देते हुए बता दें कि, इसी साल चीफ जस्टिस रंजन गोगोई 17 नवंबर को रिटायर  हो जाएंगे, इसलिए इस मामले पर संविधान पीठ उनके रिटायर होनें के पहले ही फैसला सुना सकती है|

मुस्लिम पक्ष की तरफ से वरिष्ठ वकील राजीव धवन ने बहस की शुरुआत करते हुए कहा था कि,  ‘विवादित स्थल से मिले खंभों पर पाए गए निशान से यह साबित नहीं हो सकता की वो इस्लामिक नहीं है|’ इसी के साथ कहा कि ,मस्जिदें केवल मुसलमानों द्वारा ही नहीं बनाई गई थीं| ताजमहल का निर्माण अकेले मुसलमानों ने नहीं किया था, इसमें मुस्लिम और हिंदू दोनों समुदायों के मजदूर शामिल थे|’

इसे भी पढ़े: अयोध्या विवाद मामले में मध्यस्थता की मांग, पैनल के तीन जजों को लिखी गई चिट्ठी