धनुष तोप क्या है | अब छूटेगे दुश्मनों के छक्के, सेना में हुई शामिल

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बुधवार का दिन सेना के लिए बुधवार का दिन अहम था, क्योंकि भारतीय सेना को अब ‘धनुष’ की ताकत मिल गई है| ‘धनुष’ एक  स्वदेशी तकनीक से बनाई गई तोप है| यह तोप सीमाओं पर दुश्मनों को खदेड़ने में मददगार सिद्ध होगी।  कानपुर स्थित फील्डगन फैक्ट्री में बनी 155 MM कैलिबर की अत्याधुनिक ‘धनुष’ तोप सेना को सौंपी दी गयी है । बोफोर्स की अपेक्षा ‘धनुष’ तोप अधिक शक्तिशाली है| ‘धनुष’ का वजन बोफोर्स से 700 किलोग्राम अधिक है। बैरल भी बोफोर्स गन की तुलना में 877 मिमी अधिक है। यह तोप भारतीय सेना में लगभग 5 साल से ट्रायल पर है। सेना में इसके परीक्षण और सुझावों के बाद यह पहला अपग्रेड वर्जन है, जो विभिन्न प्रकार की खूबियों से लैस है।

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सीमा पर अभी भी लगभग 300 बोफोर्स तोपें तैनात हैं, लेकिन बोफोर्स की बढ़ती उम्र को देखते हुए देसी ‘‘धनुष’’ बोफोर्स का स्थान लेगा। इसके लिए सेना ने आर्डनेंस फैक्ट्री कानपुर को 414 ‘धनुष’ तोप का आर्डर दिया था। आपको बता दें, कि ‘धनुष’ तोप 35 किमी तक छिपे दुश्मनों पर वार कर सकती है ।

दुनियाभर में ‘‘धनुष’’ ने तहलका मचा रखा है, परन्तु आर्डिनेंस फैक्ट्री ने उससे भी दो कदम आगे की तोप की नींव तैयार कर दी है । ‘धनुष’ का बैरल सात मीटर लंबा है, जबकि नया बैरल आठ मीटर लंबा है। यह दुनिया के सबसे लंबे बैरल वाली तोपों में से एक है। इस तरह की आठ मीटर लंबी तोप सिर्फ यूएसए, इजरायल और रूस के पास है। विभिन्न परीक्षणों में नई तोप का बैरल खरा उतरा है। ‘धनुष’ और एडवांस ‘धनुष’ देश की पहली तोप हैं, जिसमें 90 फीसदी पार्ट्स भारत में ही निर्मित हैं।

‘धनुष’ तोप की खासियत

1.’धनुष’ तोप से  35 किमी तक छिपे दुश्मनों पर अचूक वार किया जा सकता है  

2.बोफोर्स गन की तुलना में धनुष में फायर कम्प्यूटर सिस्टम पर आटो लेईंग प्रणाली है

3.आधुनिक साइटिंग सिस्टम के तहत नाईट कैमरे की तुलना में डे कैमरा अधिक प्रभावी है

4.बैलिस्टिक गणना, गन रिकार्डिंग, गन की पोजिशनिंग, बैक अप साइट सिस्टम अत्याधुनिक है

दुनिया की पांच तोपों में ‘धनुष’ भी शामिल

बोफोर्स बीओ-5 स्वीडन
एम 46 एस इजरायल
जीसी 45 कनाडा
नेक्सटर फ्रांस
धनुष भारत

महत्वपूर्ण जानकारी

1.वर्ष 1977 में डिजायन बोफोर्स 1980 में दुनिया के सामने आई

2.वर्ष 1987 में भारतीय सेना ने 400 तोप आयात की, बोफोर्स का बैरल छह मीटर लंबा है

3.वर्ष 2000 में आर्डिनेंस फैक्ट्री कानपुर ने बोफोर्स तोप का बैरल अपग्रेड करने का प्रस्ताव दिया

4.वर्ष 2004 में आर्डिनेंस फैक्ट्री के देश में पहली बार सात मीटर लंबे नए बैरल को सेना ने स्वीकृति दी।

5.वर्ष 2011 में रक्षामंत्रालय ने आर्डिनेंस फैक्ट्री कानपुर का प्रस्ताव स्वीकार किया

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